Friday, August 19, 2022
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अँधेरे से क्या पूछना कि अँधेरा क्यों है ? – प्रोo सिंहा

जय प्रकाश विश्वविद्यालय के सामाजिक विज्ञान खण्ड में अंग्रेजी विभाग ने “सिगनिफिकेन्स ऑफ रिसर्च इन ह्यूमैनिटीज एन्ड सोशल साइंस” पर एक एकदिवसीय सेमिनार का आयोजन किया। इस सेमिनार के मुख्य अतिथि प्रो० पी० एन० सिंहा, अवकाश प्राप्त अंग्रेजी विभागाध्यक्ष, प्रधानाचार्य, राजेन्द्र कॉलेज, छपरा एवं विशिष्ट अतिथि डॉ० सैयद रज़ा, विभागाध्यक्ष, इतिहास, को अंग्रेजी विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो० कुमार मोती ने पौधे एवं अंगवस्त्र से स्वागत किया। इस सेमिनार में प्रो० सिंहा ने विस्तार पूर्वक रिसर्च के विभिन्न आयामो पर प्रकाश डाला और अंग्रेजी साहित्य एवं सामाजिक विज्ञान को जोड़ते हुए तुलनात्मक रिसर्च की संभावनाओं को उजागर किया। सेमिनार के विशिष्ट अतिथि डॉ रज़ा ने भी रिसर्च के महत्व और हाइपोथीसिस की भूमिका पर उदाहरण के साथ प्रकाश डाला।
इस सेमिनार में अंग्रेजी एवं इतिहास विभाग में कोर्स वर्क कर रहे लगभग पचास अध्येताओं ने भाग लिया।
इस कार्यक्रम में आये हुए अतिथियों का स्वागत एवं विषय प्रवर्तन प्रो० गजेन्द्र कुमार, डीन, ह्यूमैनिटीज ने किया। इस कार्यक्रम में मंच संचालन करते हुए प्रो० उदय शंकर ओझा, (अंग्रेजी विभाग जय प्रकाश विश्विद्यालय, छपरा) ने कार्यक्रम में अपने गुरु प्रो० पी० एन० सिन्हा एवं अपने सहयोगी मित्र डॉ० सैयद रज़ा के प्रति अपने उदगार से मानवीय रिश्तों की एक नई परिभाषा रची।
अंत मे कार्यक्रम की सफलता का श्रेय देते हुए प्रो० कुमार मोती ने पी एच डी कोर्स वर्क के छात्रों विशेष कर विक्की आनन्द, तमन्ना,नगमा, जयमाला सिंह,विजया लक्ष्मी, अम्बालिका,मनीषा, सलमान, विकास आदि की विशेष रूप से सराहना की।अंत मेधन्यवाद ज्ञापन डॉ० ऋतेश्वर नाथ तिवारी, इतिहास विभाग ने दिया।
आई० क्यू० ए० सी०, जयप्रकाश विश्वविद्यालय के निदेशक के तौर पर प्रो० उदय शंकर ओझा एवं सह निदेशक डॉ राजेश नायक, इतिहास विभाग ने इस कार्यक्रम की सफलता के लिए अपने माननीय कुलपति महोदय को उनके दिये गए मार्गदर्शन के लिए धन्यवाद दिया।

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